कोटा, राजस्थान में सांप पालने वाले व्यक्ति ने महिलाओं और बालिकाओं को धमकाकर यौन शोषण किया
राजस्थान के कोटा शहर से एक चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां 29 वर्षीय मोहम्मद इमरान पर महिलाओं और बालिकाओं के साथ यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगा है। बताया जा रहा है कि इमरान अपने घर में पालित सांपों का इस्तेमाल करके पीड़ितों को धमकाता था।
इमरान कोटा के रेलवे कॉलोनी थाना क्षेत्र में रहता है और वह जड़ी-बूटी से इलाज करने का ढोंग करके लोगों को ठगता रहा है। उसकी पत्नी अस्मीन (25 वर्ष) भी इस मामले से जुड़ी हुई है। इमरान ने सांपों के साथ-साथ बिच्छू भी पाले हैं और इन्हीं का भय दिखाकर वह अपने शिकारों को दबाव में लाता था।
एक वृद्ध व्यक्ति के रिश्तेदार जब वित्तीय विवाद के सिलसिले में इमरान के घर गए, तब उन्होंने इमरान के मोबाइल में एक वीडियो देखा जिसमें वृद्ध व्यक्ति के रिश्तेदार की एक बालिका के साथ इमरान द्वारा यौन शोषण हो रहा था। इस वीडियो को देखकर रिश्तेदार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए इमरान को गिरफ्तार कर ₹7.20 लाख के नकली नोट बरामद किए। पुलिस ने बताया कि इमरान ने बालिकाओं और महिलाओं को सांप दिखाकर डराया-धमकाया और यौन उत्पीड़न किया। पीड़ितों ने यह भी बताया कि यदि उन्होंने इस अपराध की बात बाहर कही तो इमरान ने कहा कि वह सांप छोड़कर उनकी हत्या कर देगा।
पुलिस के अनुसार, इमरान की पत्नी अस्मीन ने इस वीडियो को मोबाइल फोन से रिकॉर्ड किया होगा। फिलहाल दोनों फरार हैं और पुलिस उनकी खोज में जुटी हुई है।
कोटा के एसपी अमृता तुहान ने बताया कि इमरान को कोर्ट में पेश किया गया है और उसे 23 मई तक पुलिस हिरासत में रखा जाएगा। मामले की जांच जारी है ताकि पता लगाया जा सके कि कितने लोग इस अपराध से प्रभावित हुए हैं।
यह मामला महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। यह दर्शाता है कि ऐसे अपराधों को रोकने के लिए सख्त कानून, सामाजिक जागरूकता और पुलिस की त्वरित कार्रवाई आवश्यक है।
सांपों जैसी खतरनाक वस्तुओं का इस्तेमाल कर अपराधी पीड़ितों को धमकाते हैं, जो मानवाधिकारों और सम्मान का बड़ा उल्लंघन है। समाज को मिलकर ऐसे अपराधों के खिलाफ आवाज उठानी होगी और पीड़ितों का समर्थन करना होगा।
जांच के दौरान पुलिस पूरी गुत्थी सुलझाने और दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का प्रयास कर रही है। साथ ही जनता से भी अपील की गई है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना पुलिस को दें और अपने आसपास के कमजोर लोगों की सुरक्षा करें।